डॉ. नरेश चौहान के नेतृत्व में फेडरेशन का प्रदर्शन, बीआरसी बैठक में कार्यकारिणी का विस्तार, नए पदाधिकारियों की सर्वसम्मति से नियुक्ति
जशपुर/दुलदुला(दिपेश रोहिला) । कर्मचारी अधिकारी फेडरेशन के प्रांतीय निर्देश के तहत 18 मार्च को दुलदुला में कर्मचारियों और अधिकारियों ने एकजुटता का परिचय देते हुए अपनी 11 सूत्रीय प्रमुख मांगों के निराकरण हेतु जोरदार पहल की। भोजनावकाश के पश्चात आयोजित इस कार्यक्रम में तहसील संयोजक डॉ. नरेश चौहान की अगुवाई में बड़ी संख्या में फेडरेशन के सदस्य एकत्रित हुए और तहसीलदार दुलदुला के माध्यम से छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री एवं मुख्य सचिव के नाम ज्ञापन सौंपा।
इस दौरान विभिन्न विभागों के कर्मचारी और अधिकारी एक मंच पर दिखाई दिए, जिन्होंने अपनी लंबित मांगों को लेकर सामूहिक रूप से आवाज बुलंद की। फेडरेशन के प्रांतीय संयोजक कमल वर्मा के नेतृत्व में चल रहे इस आंदोलन को दुलदुला क्षेत्र में भी व्यापक समर्थन मिला, जिससे कर्मचारियों के हौसले और अधिक मजबूत हुए।
फेडरेशन को और अधिक संगठित एवं सशक्त बनाने के उद्देश्य से दुलदुला के बीआरसी भवन में एक महत्वपूर्ण बैठक का आयोजन किया गया। इस बैठक में सर्वसम्मति से कार्यकारिणी का विस्तार करते हुए विभिन्न पदों पर पदाधिकारियों की नियुक्ति की गई।
उक्त बैठक में पुष्कर पाटले (संरक्षक), राहुल कौशिक (तहसीलदार दुलदुला), हेमंत नायक (बीईओ दुलदुला) को प्रमुख जिम्मेदारियां सौंपी गईं। इसके साथ ही मनोज गुप्ता को महामंत्री, श्रीमति मिना खलखो (कृषि विभाग दुलदुला) को उप संयोजक, लोकेश सड़ंगी को सचिव, के डी महंत को सह सचिव तथा भुवनेश्वर सूर्यवंशी को कोषाध्यक्ष नियुक्त किया गया।
संगठन को मजबूती देने के लिए दीपक मार्टिन बड़ा को संगठन मंत्री, संवेद यादव को मीडिया प्रभारी, अशोक सिंह को प्रवक्ता तथा ओडील कुजूर एवं अंबिकेश स्वर्णकार को महत्वपूर्ण दायित्व सौंपे गए। महिला प्रकोष्ठ में श्रीमती रथ बाई टंडन, श्रीमती ज्योति प्रधान और श्रीमती सरस्वती जगत को जिम्मेदारी दी गई।
इसके अतिरिक्त कार्यकारिणी सदस्य के रूप में श्रीमति अंजना खलखो, विकाश टोप्पो, जगलाल भगत, गुरु नारायण सिंह, शिवशंकर यादव, रणविजय राम, लवरेज अंसारी, युधिष्ठिर यादव, डॉक्टर पूनम कुमारी, हितेंद्र पैकरा, डॉक्टर अंजली निराला, हेमंत कुमार दानी को संगठन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने हेतु नियुक्त किया गया।
इस बैठक में उपस्थित सभी पदाधिकारियों एवं सदस्यों ने अपने-अपने दायित्वों का ईमानदारी से निर्वहन करने का संकल्प लिया। साथ ही यह भी स्पष्ट किया गया कि दुलदुला कर्मचारी अधिकारी फेडरेशन अपने हक और अधिकारों की लड़ाई को पूरी मजबूती और एकजुटता के साथ आगे बढ़ाने के लिए प्रतिबद्ध है।

