एसडीओपी ने स्पष्ट किया कि होली के दौरान पुलिस प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद रहेगा। प्रमुख चौक-चौराहों और संवेदनशील क्षेत्रों में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया जाएगा।असामाजिक तत्वों पर कड़ी नजर रखी जाएगी और शांति भंग करने वालों के विरुद्ध सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने युवाओं से विशेष रूप से संयम बरतने की अपील करते हुए कहा है कि उत्सव का आनंद मर्यादा के दायरे में रहकर ही लेना चाहिए।
नशाखोरी को लेकर भी पुलिस प्रशासन सख्त रुख अपनाए हुए है। सार्वजनिक स्थानों पर शराब का सेवन करना या नशे की हालत में उपद्रव करना कानूनन अपराध है। ऐसे मामलों में त्वरित कार्रवाई करते हुए संबंधित व्यक्तियों के खिलाफ वैधानिक कदम उठाए जाएंगे। उन्होंने अभिभावकों से भी अपील की है कि वे अपने बच्चों पर नजर रखें और उन्हें जिम्मेदारी के साथ त्यौहार मनाने के लिए प्रेरित करें। इसके साथ ही सड़क सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए तेज रफ्तार से वाहन चलाने वालों पर विशेष निगरानी रखी जाएगी।
वहीं ध्वनि प्रदूषण को नियंत्रित रखने के लिए साउंड सिस्टम को निर्धारित सीमा से अधिक आवाज में बजाने पर भी प्रतिबंध रहेगा। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि नियमों का उल्लंघन करने पर साउंड सिस्टम जब्त किए जा सकते हैं और संबंधित आयोजकों पर कार्रवाई की जाएगी। एसडीओपी डॉ. जायसवाल ने अंत में कहा कि होली आपसी प्रेम, सौहार्द और सामाजिक एकता का प्रतीक है। सभी नागरिक प्रशासन का सहयोग करें और इस पर्व को शांति, सद्भाव और अनुशासन के साथ मनाकर क्षेत्र में सकारात्मक संदेश दें।


